बोधगया (गया)। बिहार में औद्योगिक विकास और निवेश को गति देने के उद्देश्य से शनिवार को बोधगया स्थित वेलकम होटल बाय आईटीसी होटल्स में बिहार इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग सिटी गया लिमिटेड (BIMCGL) एवं बिहार बिजनेस कनेक्ट 2027 के कर्टेन रेज़र समारोह का आयोजन किया गया।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने गया-बोधगया समेत पूरे मगध क्षेत्र के विकास, औद्योगिक निवेश, रोजगार सृजन और आधुनिक शहरी सुविधाओं को लेकर सरकार की योजनाओं की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार औद्योगिक विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है। सरकार का लक्ष्य अगले पांच वर्षों में उद्योगों की जरूरतों को पूरा करने के लिए लगभग 20 हजार मेगावाट बिजली क्षमता विकसित करना है। इसके लिए सौर, पवन और हाइड्रोजन जैसी हरित ऊर्जा को प्रोत्साहित किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे करीब 13 हजार एकड़ जमीन के अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू की गई है। फरवरी में प्रस्तावित बिहार बिजनेस कनेक्ट 2027 तक उद्योगों के लिए लगभग 20 हजार एकड़ जमीन उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।
30 दिनों में प्रक्रिया पूरी नहीं हुई तो स्वतः मंजूरी की योजना
मुख्यमंत्री ने उद्योग लगाने की प्रक्रिया को सरल और सुगम बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि निर्धारित 30 दिनों के भीतर प्रक्रिया पूरी नहीं होने की स्थिति में स्वतः मंजूरी देने की व्यवस्था लागू करने की योजना है। इसका उद्देश्य निवेशकों को अनावश्यक देरी से राहत देना और बिहार में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देना है।
ऐतिहासिक मगध के नाम पर विकसित होंगी 12 टाउनशिप
सम्राट चौधरी ने गया और बोधगया के बीच ऐतिहासिक मगध के नाम पर 12 टाउनशिप विकसित करने की योजना का उल्लेख किया। इसके साथ ही सोन नदी से क्षेत्र को जोड़ने के लिए कॉरिडोर बनाने और पानी की उपलब्धता बेहतर करने की दिशा में भी पहल की बात कही।
मुख्यमंत्री ने गया-बोधगया को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने पर जोर देते हुए बेहतर सड़क संपर्क, स्वास्थ्य सुविधाओं, पर्यटन और अंतरराष्ट्रीय हवाई संपर्क को मजबूत करने की योजनाओं का जिक्र किया। उन्होंने प्रवासी बिहारियों और उद्योगपतियों से अपनी जन्मभूमि में निवेश करने की अपील की, ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ सकें और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले।
समारोह में केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी एवं बिजेंद्र प्रसाद यादव, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार, कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा तथा उद्योग एवं खेल मंत्री श्रेयसी सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।
