एक राष्ट्र के दो ध्रुव तारे : सरदार पटेल और इंदिरा गांधी

शैलेन्द्र गुप्ता,
रायबरेली (संज्ञान दृष्टि) रायबरेली के प्रतिष्ठित फिरोज़ गांधी कॉलेज में
राजनीतिक विज्ञान विभाग में सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती एवं इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि पर 31 अक्टूबर, 2026 को संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती पूजन और दीप प्रज्वलन के साथ हुई ।

मुख्य अतिथि प्राचार्य, प्रोफेसर मनोज कुमार त्रिपाठी ने बताया कि सरदार वल्लभभाई पटेल ने कैसे 562 देसी रियासतों को भारतीय राष्ट्र में सम्मिलित किया और राष्ट्रीय एकीकरण की नींव रखी और इंदिरा गांधी जी ने स्वतंत्रता के समय कैसे खाद्यान्न संकट के दौरान देश को संभाला था। राजनीति विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष, प्रोफेसर दिनकर त्रिपाठी ने सरदार वल्लभभाई पटेल के सरदार और लौह पुरुष बनने की तथा इंदिरा गांधी के गूंगी गुड़िया से आयरन लेडी बनने के दिलचस्प यात्रा से छात्रों को अवगत कराया और उन्हें इन तेजस्वी नेताओं से प्रेरणा लेने का संदेश दिया । इसी के साथ अर्पिता रावत, हिमांशी सिंह, यशांश तिवारी, स्मृति वाजपेई, स्वाती शुक्ला ,साहिल श्रीवास्तव आंचल सिंह ,सुजल गुप्ता, शैलजा मिश्रा, अखंडानंद, प्रभाकर शुक्ला, सौरभ पटेल ने कार्यक्रम में अपने विचार दिए। कार्यक्रम का संचालन शांभवी श्रीवास्तव ने किया । कार्यक्रम का समापन विभाग के असि. प्रो. डॉ. अभय सिंह ने राष्ट्रीय एकता पर शपथ ग्रहण कराया l इस कार्यक्रम में एन.सी.सी के एन.ओ. प्रो0 राजेश कुमार, हवलदार सुमित नौटियाल, डॉ. डब्बे भारती एवं राजनीति विज्ञान विभाग के अदिति अग्निहोत्री, पुरातन छात्र उदयभान चौधरी और दिग्विजय सिंह आदि शामिल रहे ।




